सीहोर। जिला मुख्यालय की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी फेज.2 में गुरुवार की रात दहशत और अनिश्चितता के साये में गुजरी। सोशल मीडिया पर तेंदुए की तस्वीर और खबरें वायरल होने के बाद पूरी कॉलोनी के लोग रात भर जागे रहे। बताया जा रहा है कि रात करीब 9 बजे कॉलोनी के पीछे एक तेंदुए जैसा खूंखार जानवर देखा गया, जिसके बाद तत्काल वन विभाग और स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई।
जैसे ही तेंदुए की खबर फैली फेसबुक और स्थानीय व्हाट्सएप ग्रुप पर चेतावनी के संदेशों की बाढ़ आ गई। लोग एक जानवर की तस्वीर शेयर करते हुए दावा करने लगे कि यह हाउसिंग बोर्ड के पास ही देखा गया है। पोस्ट में यह भी बताया गया कि दो दिन पहले गल्ला मंडी सायलो के पास भी जानवरों के पगमार्क के निशान देखे गए थे। चूंकि इछावर और बुदनी क्षेत्र में पहले से ही जंगली जानवरों की आवाजाही की खबरें हैं, इसलिए नागरिकों में यह डर और भी गहरा गया है।
वन विभाग की टीम ने की सर्चिंग, चलाए पटाखे
सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम हरकत में आई और स्थानीय नागरिकों के साथ मिलकर पूरी रात क्षेत्र में सर्चिंग ऑपरेशन चलाया। जानवर को आबादी से दूर खदेडऩे के लिए कई जगहों पर पटाखे भी चलाए गए। हालांकि अंधेरा होने के कारण किसी बड़े हिंसक जानवर की स्पष्ट पुष्टि नहीं हो पाई है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी को संदिग्ध पगमार्क दिखाई देंए तो तुरंत उसकी फोटो खींचकर वन विभाग को सूचित करें।
दहशत का कारण, सियार के हमले की ताजा घटना
शहर में इस कदर खौफ होने की एक बड़ी वजह हाल ही में हुई सियार के हमले की घटना भी है। बीते दिन ही एक सियार ने नौ लोगों को घायल कर दिया था, जिससे लोग पहले से ही डरे हुए हैं। हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र में पिंजरा लगाया जाए और गश्त बढ़ाई जाए, ताकि किसी अप्रिय घटना को रोका जा सके।


