अटल जी के मुरीद हुए कांग्रेसी, पूर्व जिलाध्यक्ष बोले- उनके व्यक्तित्व में नफरत का स्थान नहीं था

dddd

सीहोर। भारतीय राजनीति के शिखर पुरुष और पूर्व प्रधानमंत्री भारतरत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती आज पूरे जिले में श्रद्धा के साथ मनाई जा रही है। आमतौर पर विचारधाराओं के टकराव के बीच राजनीति दो ध्रूवों में बंटी नजर आती है, लेकिन अटल जी के व्यक्तित्व का जादू ऐसा है कि आज उनके जन्मदिन पर न केवल भाजपा, बल्कि विपक्षी दल कांग्रेस के नेता भी उन्हें नमन करने में पीछे नहीं रहे।
सीहोर जिले की सियासत में आज एक अनूठी तस्वीर देखने को मिली, जब कांग्रेस के कद्दावर नेताओं ने सोशल मीडिया के माध्यम से अटल जी को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। सोशल मीडिया पर भाजपा नेताओं द्वारा अटल जी को याद करना तो स्वभाविक था, लेकिन उस समय सबकी नजरें ठहर गईं जब कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष कैलाश परमार और वरिष्ठ नेता मुनव्वर मामू की फेसबुक वॉल पर अटल बिहारी वाजपेयी जी की तस्वीरें और उनके प्रति श्रद्धासुमन के संदेश दिखाई दिए। विपक्षी खेमे के नेताओं द्वारा अटल जी के प्रति यह प्रेम जिले भर में चर्चा का विषय बना रहा और इन नेताओं की पोस्ट देखते ही देखते वायरल हो गई।
लक्ष्य टुडे से बोले कैलाश परमार
कांग्रेस नेताओं के इस बदले हुए रुख और अटल जी के प्रति सम्मान को लेकर जब लक्ष्य टुडे ने कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष कैलाश परमार से खास बातचीत की तो उन्होंने बड़े ही स्पष्ट और आदरपूर्ण शब्दों में अपनी बात रखी।
कैलाश परमार ने कहा- अटल बिहारी वाजपेयी जी भारतीय राजनीति में संसदीय जनतंत्र के सबसे बड़े प्रतीक थे। वे अपनी विचारधारा पर अडिग थे, लेकिन उनमें वह उदारता थी कि वे दूसरी विचारधारा का भी उतना ही सम्मान करते थे। उनके विराट व्यक्तित्व में ‘नफरत’ नाम का कोई शब्द नहीं था। परमार ने आगे कहा कि आज के दौर की राजनीति में जहां संवाद कम और तल्खी ज्यादा है, वहां अटल जी जैसे व्यक्तित्व की कमी खलती है। उन्होंने बताया कि अटल जी की कार्यशैली और सबको साथ लेकर चलने की कला ही उन्हें महान बनाती हैए इसीलिए आज विचारधारा से ऊपर उठकर हम सब उन्हें तहे दिल से याद कर रहे हैं।